शरद पूर्णिमा मेले के बाद संकल्प फाउंडेशन और पूर्व सैनिकों ने की घाट की सफाई
सीताराम घाट पर चलाया स्वच्छता अभियान, युवाओं और पूर्व सैनिकों ने श्रमदान कर दिया स्वच्छता का संदेश
छगन कुशवाहा
सांडिया। शरद पूर्णिमा मेले के बाद मां नर्मदा के सीताराम घाट पर फैले कचरे को साफ करने के लिए संकल्प फाउंडेशन और इंडियन वेटरन्स ऑर्गेनाइजेशन भारत की पिपरिया-बनखेड़ी टीम ने मंगलवार को स्वच्छता अभियान चलाया। अभियान में युवाओं और पूर्व सैनिकों ने श्रमदान कर घाट परिसर से प्लास्टिक, पूजन सामग्री और अन्य कचरा एकत्रित किया। इसके बाद कचरे का उचित निस्तारण कर घाट को स्वच्छ और व्यवस्थित बनाया।
मेले के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने से घाट परिसर में कचरा फैल गया था। मां नर्मदा के तट की स्वच्छता और पवित्रता बनाए रखने के उद्देश्य से आयोजित इस अभियान में युवाओं ने बढ़-चढ़कर भागीदारी की। इस दौरान लोगों को धार्मिक स्थलों पर स्वच्छता बनाए रखने और प्लास्टिक का उपयोग कम करने के लिए भी जागरूक किया गया।
स्वच्छता बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी
इंडियन वेटरन्स ऑर्गेनाइजेशन भारत के पदाधिकारियों ने कहा कि धार्मिक आस्था के साथ घाटों की स्वच्छता बनाए रखना भी प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। श्रद्धालु पूजा-अर्चना के बाद पूजन सामग्री और अन्य कचरा निर्धारित स्थान पर डालें, तो नर्मदा तटों को प्रदूषण से बचाया जा सकता है। स्वच्छता केवल एक दिन का अभियान नहीं, बल्कि निरंतर निभाया जाने वाला सामाजिक दायित्व है।
अभियान में इंडियन वेटरन्स ऑर्गेनाइजेशन भारत के पदाधिकारी लोटन सिंह रघुवंशी, श्यामलाल कहार, जितेंद्र पुर्वीया, बलराम पाटर, केसर सिंह चौधरी और निरंजन वैष्णव सहित संकल्प फाउंडेशन के युवाओं ने श्रमदान किया। अंत में सभी ने मां नर्मदा के घाटों को स्वच्छ और प्रदूषणमुक्त बनाए रखने का संकल्प लिया। साथ ही नागरिकों से भी अपील की कि धार्मिक आयोजनों के बाद घाटों पर गंदगी न फैलाएं और स्वच्छता अभियान में सहयोग करें।






